Mp e-Uparjan में आपका स्वागत है। यह एक स्वतंत्र और सूचनात्म वेबसाइट है, इसका संचालन किसी भी सरकारी विभाग द्वारा नहीं किया जाता है। यह वेबसाइट किसान पंजीकरण, कियोस्क पंजीकरण, स्लॉट बुकिंग, फसल निरीक्षण (गिरदावरी) और भुगतान स्थिति से जुड़ी जानकारी सरल और आसन भाषा में प्रदान करती है।

ई-उपार्जन (e Uparjan) 2025-26: MP e-Uparjan Online Registration, Slot Booking & Payment Status

e Uparjan मध्य प्रदेश सरकार की एक डिजिटल पहल है, जो मध्य प्रदेश के किसानों को उनकी फसलें (जैसे - गेहूं, धान, ज्वार, बाजरा, चना, मसूर, सरसों आदि) को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर बेचने की सुविधा देती है। इस ऑनलाइन पोर्टल की मदद से किसान घर बैठे ही फसल पंजीकरण, मंडी स्लॉट बुकिंग और भुगतान की स्थिति की जांच कर सकते हैं। एमपी ई-उपार्जन वेबसाइट के जरिए एमपी सरकार ने फसल खरीदी की पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और आसान बना दिया है। यह पोर्टल एमपी के किसानों को समय की बचत, उचित मूल्य और भरोसेमंद भुगतान की गारंटी देता है।

एमपी ई-उपार्जन (e Uparjan) योजना क्या है?

इस योजना के तहत मध्य प्रदेश के किसान अपनी रबी और खरीफ फसलें सरकार द्वारा तय न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर ऑनलाइन mpeuparjan.nic.in पोर्टल के माध्यम से बेच सकते हैं। किसान यहां से पंजीकरण, स्लॉट बुकिंग, गिरदावरी और भुगतान की स्थिति जैसी सुविधाओं का लाभ घर बैठे ले सकते हैं। सरकार द्वारा फसल खरीदने के बाद फसल का पैसा 1-2 हफ्तों के भीतर किसानों के आधार-लिंक्ड बैंक खाते में भेज दिया जाता है।

ई-उपार्जन (e Uparjan) प्रक्रिया

इस प्रक्रिया में किसानों के पंजीकरण से लेकर भुगतान तक के चरण शामिल होते हैं। ये चरण निम्नलिखित हैं-

  1. e Uparjan ऑनलाइन पंजीकरण - किसान को आधिकारिक पोर्टल या मोबाइल ऐप के जरिए अपनी फसल का पंजीकरण करना होगा।
  2. स्लॉट बुकिंग - इसके बाद किसी निश्चित तिथि के लिए स्लॉट बुक करें।
  3. उपार्जन केंद्र - निर्धारित तिथि के अनुसार किसान की फसल उपार्जन केंद्र से खरीदी जाएगी।
  4. e-Uparjan Process
  5. अनाज का परिवहन - इसके बाद उनकी फसलों को एक निश्चित स्थान तक पहुंचाया जाएगा।
  6. अनाज का गोदाम में संग्रहण - फसलों को एक ही स्थान (गोदामों में) स्टोर कर दिया जाएगा।
  7. आधार लिंक्ड बैंक खाते में भुगतान - इन सभी चरणों के बाद 1-2 हफ्तों के भीतर किसानों को DBT लिंक खाते में फसल की रकम भेज दी जाती है।

फसल पंजीयन के लिए आवश्यक दस्तावेज

  • सम्रग आईडी
  • खसरा/बी-1/भूमि-पुस्तिका
  • बैंक पासबुक (DBT लिंक)
  • आधार कार्ड
  • आधार पंजीकृत मोबाइल नंबर

एमपी ई-उपार्जन (e Uparjan) किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया

केंद्र चालक एमपी ई-उपार्जन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करने के लिए निम्नलिखित चरणों का पालन करें:

  1. सबसे पहले आपको ई-उपार्जन पोर्टल https://mpeuparjan.nic.in/ पर जाना हैं।
  2. होमपेज पर अन्य उपयोगकर्ता सेक्शन में जाकर पंजियन केंद्र किओस्क के लिए पंजीकरण (खरीफ 2025-26) को चुनें।
  3. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  4. अब नया पेज ओपन होगा जहाँ आपको किओस्क/CSC पंजीयन निर्धारण का चयन करना हैं।
  5. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  6. अब इस फार्म में पहले आपको अपना जिला, तहसील और गांव को भरना हैं।
  7. प्रबंधक सेक्शन में आपको संस्था का प्रकार, संस्था का कोड, संचालक का नाम, आधार नंबर, मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी और पता आदि को ध्यानपूर्वक भरना हैं।
  8. सत्यापन करके Send OTP पर क्लिक करें, मोबाइल नंबर पर ओटीपी आएगा उसको भरकर वेरीफाई करें।
  9. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया

    Note: यदि आप पहले ही पंजीकृत हैं, तो रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर/आधार नंबर डालकर अपनी आईडी सर्च कर लॉगिन करें।

  10. इस स्टेप में ऑपरेटर का नाम (जो संस्था को ऑपरेट करता है उसका नाम), उसकी ईमेल आईडी, मोबाइल नंबर, आधार नंबर और पता भर जानकारी को ओटीपी के माध्यम से सत्यापित करें।
  11. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  12. अंत में अपनी संस्था (लोकसेवा केंद्र, एमपी ऑनलाइन किओस्क, कॉमन सर्विस सेंटर, साइबर कैफे आदि) का सर्टिफिकेट अपलोड कर फार्म को Submit कर दें।
  13. अधिकारी द्वारा आपके केंद्र का सत्यापन होने के बाद आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आपके केंद्र का लॉगिन आईडी और पासवर्ड सेंड किया जाएगा।

मोबाइल ऐप से e Uparjan पंजीकरण कैसे करें?

  1. सबसे पहले प्ले स्टोर से MP Kisan App ऐप को अपने मोबाइल में Install करें।
  2. ऐप को ओपन कर अपना मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी डालकर लॉगिन करें।
  3. अब अपना नाम, जिला, तहसील, हल्का और ग्राम चुनकर पंजीयन करें बटन दबाएं।
  4. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  5. खाता स्वामी और हल्का सेलेक्ट कर जमा करें पर क्लिक करें।
  6. जानकारी को सत्यापित कर पंजीयन हेतु यहाँ क्लिक करें वाले बटन को दबाएं।
  7. आधार के लास्ट 4 नंबर डालकर जमा करें बटन पर क्लिक करें और पावती को डाउनलोड कर सभाल कर रखें।

फसल बेचने के लिए Slot Booking कैसे करें?

सभी किसान और केंद्र संचालक ये स्टेप फॉलो करके स्लॉट बुक कर सकते हैं।

  1. आधिकारिक पोर्टल https://mpeuparjan.nic.in/ पर जाएं।
  2. होम मेनू में जाकर किसान स्लॉट बुकिंग पर क्लिक करें।
  3. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  4. अब अपना जिला, किसान कोड, कैप्चा कोड और मोबाइल नंबर पर आया ओटीपी दर्ज करें।
  5. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  6. इस चरण में अपनी तहसील, क्षमता के अनुसार उपार्जन केंद्र और वो तारीख चुनें जिस तारीख को आप अपनी फसल बेचना चाहते हैं।
  7. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  8. अब आपकी स्क्रीन पर एक रसीद दिखेगी जिसको Print कर अपने साथ उपार्जन केंद्र लेकर जाना हैं।

फसल भुगतान (Payment) की स्थिति कैसे चेक करें?

फसल भुगतान की स्थिति जानने के लिए नीचे दिए गए स्टेप्स फॉलो करें।

  1. दी गई लिंक कर क्लिक करें या अपने ब्राउजर में https://jit.nic.in/ लिखकर सर्च करें।
  2. अब फसल का वर्ष, फसल का सीजन, किसान आईडी और कैप्चा कोड भरकर भुगतान की स्तिथि जाने वाले बटन पर क्लिक करें।
  3. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया

    Note: यदि भुगतान की स्थिति जानने का यह तरीका काम नहीं करें, तो आधिकारिक ईमेल आईडी या फोन नंबर का सहारा ले।

  4. आपको भुगतान से जुड़ी सारी जानकारी जैसे - कुल राशि, ऋण राशि और भुगतान की गई राशि आदि देखने को मिलेगी।

ई-उपार्जन पोर्टल पर गिरदावरी (Girdawari) की जांच कैसे करें?

  1. गिरदावरी की उपलब्धता देखने के लिए आधिकारिक पोर्टल https://mpeuparjan.mp.gov.in/ पर विजिट करें।
  2. अब होमपेज से फसल का सीजन और साल जैसे (खरीफ 2025-26) या (रबी 2025-26 ) आदि चुनें।
  3. नया पेज खुलने पर तुम्हें गिरदावरी की जाँच करें बटन पर क्लिक करना हैं।
  4. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  5. इस चरण में अपना जिला, तहसील, ग्राम, पटवारी हल्का नंबर और खसरा नंबर दर्ज कर Girdawari Search बटन पर क्लिक करें।
  6. किओस्क पंजीकरण प्रक्रिया
  7. अब आपको फसल, सिंचाई का प्रकार, बुआई क्षेत्र, भूमि का प्रकार और सर्वे स्थिति जैसी जानकारी दिखेगी, इन्हें देखकर आप गिरदावरी की जांच कर सकते हैं।

प्रमुख खरीफ और रबी फसलें

भारत में दो प्रमुख फसलें होती हैं - खरीफ (बरसात में बुआई, सर्दियों में कटाई) और रबी (सर्दियों में बुआई, गर्मी में कटाई)।

खरीफ फसलें रबी फसलें
धान (Rice) गेहूं (Wheat)
मक्का (Maize) जौ (Barley)
ज्वार (Sorghum) चना (Gram)
बाजरा (Pearl Millet) मसूर (Lentil)
मूंग (Green Gram) सरसों (Mustard)
अरहर (Pigeon Pea) मटर (Pea)
कपास (Cotton) अलसी (Linseed)
मूंगफली (Groundnut) जीरा (Cumin)
सोयाबीन (Soybean) मैथी (Fenugreek)
तिल (Sesame) राय (Rapeseed)
गन्ना (Sugarcane) धनिया (Coriander)
जूट (Jute) अजवाइन (Carom seeds)
सूरजमुखी (Sunflower) इसबगोल (Psyllium husk)
उड़द (Black Gram) लहसुन (Garlic)

Frequently Asked Questions

एमपी ई-उपार्जन योजना क्या हैं?

एमपी ई-उपार्जन योजना के अंतर्गत किसान ऑनलाइन माध्यम से अपनी फसलों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर बेच सकते हैं तथा पंजीकरण, स्लॉट बुकिंग और गिरदावरी जैसी सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।

गिरदावरी क्या हैं?

गिरदावरी का मतलब है खेती की जमीन का सरकारी निरीक्षण, जिसमें पटवारी यह दर्ज करता हैं कि कौन-सी फसल बोई गई है और उसकी स्थिति क्या है। यह जानकारी खसरा-खतौनी में दर्ज होती है और फसल बीमा व मुआवजा तय करने में काम आती है।

किसान e Uparjan पोर्टल पर पंजीकरण कैसे करें?

किसान mpeuparjan.nic.in वेबसाइट पर जाकर या किसान मोबाइल ऐप, नजदीकी कियोस्क / जनसेवा केंद्र के माध्यम से आसानी से अपना पंजीकरण कर सकते हैं।

ई-उपार्जन पोर्टल पर फसल का भुगतान कब जारी होता हैं?

e Uparjan योजना के तहत किसानों को उनकी फसल का भुगतान सरकार द्वारा 1 से 2 हफ्तों के भीतर सीधे उनके आधार-लिंक्ड बैंक खाते (DBT) में भेज दिया जाता है।

किसान ई-उपार्जन पोर्टल पर कौन-कौन सी फसलें बेच सकता हैं?

इस पोर्टल पर किसान मुख्य रूप से गेहूं, धान, ज्वार, बाजरा, चना, मसूर और सरसों जैसी रबी और खरीफ फसलें बेच सकता हैं।

एमपी ई-उपार्जन योजना का लाभ कौन उठा सकता हैं?

मध्य प्रदेश के सभी पंजीकृत किसान, जो अपनी फसल को MSP पर बेचना चाहते हैं, इस योजना का लाभ उठा सकते हैं।

पोर्टल पर फसल संबंधी समस्या के लिए कहाँ Contact करें?

समस्या का समाधान पाने के लिए किसान euparjanmp@gmail.com पर संपर्क कर सकते हैं।

स्लॉट बुकिंग क्यों जरूरी है?

स्लॉट बुकिंग से किसान निश्चित तिथि और समय पर मंडी में फसल बेचने का मौका मिलता है, जिससे भीड़ और असुविधा से बचा जा सके।

Helpline Number: 07552525803 (Mon to Sun, 10 AM to 6 PM)

Official Email Id: euparjanmp@gmail.com